योग फल – सौभाग्य योग

योग, मूल रूप से, सूर्य और चंद्रमा के संयोजन का उल्लेख करते हैं, जब एक नक्षत्र में जन्म होता है। वैदिक ज्योतिष में प्रतिपादित सत्ताईस नक्षत्रों के आधार पर कुल 27 विभिन्न योग हैं। ज्योतिषीय संयोजन या निति योग किसी व्यक्ति के व्यक्तित्व लक्षणों को समझने में मदद करते हैं। नित्य योग की गणना गणितीय … Read more

इस दिशा में बैठें, होगा लाभ वास्तु शास्त्र टिप्स

सफलता एक ऐसा शब्द है जो हर व्यक्ति अपनी जिंदगी में पाना चाहता है। कहते भी हैं कि, किसी भी व्यक्ति की सफलता में वास्तु का बहुत बड़ा योगदान रहता है। यह सफलता आपके आस-पास के वातवरण, काम करने की जगह पर निर्भर करता है। यदि आपके आस-पास सकारात्मक ऊर्जा हो, तो सफलता मिलने में … Read more

योग फल – शोभन योग

योग, मूल रूप से, सूर्य और चंद्रमा के संयोजन का उल्लेख करते हैं, जब एक नक्षत्र में जन्म होता है। वैदिक ज्योतिष में प्रतिपादित सत्ताईस नक्षत्रों के आधार पर कुल 27 विभिन्न योग हैं। ज्योतिषीय संयोजन या निति योग किसी व्यक्ति के व्यक्तित्व लक्षणों को समझने में मदद करते हैं। नित्य योग की गणना गणितीय … Read more

इन 10 तरीकों से करें हनुमानजी की सेवा, हर संकट मिटेगा और मिलेगा अपार सुख

हनुमानजी सर्वशक्तिमान और सर्वोच्च देव हैं। उनकी भक्ति, पूजा या सेवा करने की कुछ शर्तें हैं। यह भक्ति, पूजा या सेवा उन्हें ही फलिफूत होती है जो इन शर्तों का पालन करता है। शर्त यह है कि किसी पराई स्त्री पर बुरी नजर ना रखें, ब्याज का धंधा ना करें, किसी का हक ना मारे … Read more

इसलिए जरूरी है घर में वास्तु शांति पूजा?

शास्त्रानुसार गृह प्रवेश में माघ, फाल्गुन, वैशाख, ज्येष्ठ आदि मास शुभ बताए गए हैं। इन मास में गृहप्रवेश करने वालों को धन-धान्य और संतोष की प्राप्ति होती है। वास्तु की हमारे जीवन अहम भूमिका है। यह हमारी दैनिक दिनचर्या को प्रभावित करता है। अक्सर लोग महसूस करते हैं कि घर में क्लेश रहता है या … Read more

सूर्य का कुम्भ राशि में गोचर ( 13 फरवरी 2024)

13 फरवरी 2024 को सूर्य राशि परिवर्तन करने जा रहे हैं। 13 फरवरी को दोपहर 3 बजकर 43 मिनट पर सूर्य देव कुंभ राशि में गोचर करेंगे। सूर्य कुंभ राशि में 14 मार्च तक गोचर करते रहेंगे, उसके बाद मीन राशि में प्रवेश कर जाएंगे। सूर्य के इस गोचर का सभी 12 राशियों पर अलग-अलग … Read more

भगवान श्रीकृष्‍ण की 3 माताएं, जानिए

भगवान श्रीकृष्ण का व्यक्तित्व बहुत ही रहस्यमयी है। उन्होंने गीता के रूप में संसार को जो ज्ञान दिया है उसमें धर्म, दर्शन और अध्यात्म की सभी धाराएं समाहित है। आओ जानते हैं उनकी 3 माताओं के बारे में संक्षिप्त जानकारी।1.देवकी :यह श्रीकृष्ण की सगी माता है। यह मथुरा के राजा कंस के पिता महाराजा उग्रसेन … Read more

योग फल – अतिगण्ड योग

योग, मूल रूप से, सूर्य और चंद्रमा के संयोजन का उल्लेख करते हैं, जब एक नक्षत्र में जन्म होता है। वैदिक ज्योतिष में प्रतिपादित सत्ताईस नक्षत्रों के आधार पर कुल 27 विभिन्न योग हैं। ज्योतिषीय संयोजन या निति योग किसी व्यक्ति के व्यक्तित्व लक्षणों को समझने में मदद करते हैं। नित्य योग की गणना गणितीय … Read more

ऐसे पूरी हो सकती है धन की कामना

धन, जीवन की उन जरूरतों का विकल्प है, जिनसे हम भौतिक संसाधन जुटा सकते हैं। ऐसे में यदि अपना घर वास्तु के लिहाज से बनवाएं तो जाहिर है आपको अपने नए घर में धन की कभी कमी महसूस नहीं होगी। इसीलिए घर बनवाते समय कुछ आसान से वास्तु टिप्स जरूर आजमाने चाहिए। जो यहां मौजूद … Read more

वास्तु शास्त्र के अनुसार रसोई घर

वास्तु शास्त्र के अनुसार रसोई घर हमेशा आग्नेय कोण में रखना चाहिए यानि दक्षिण – पूर्व दिशा में आग्नेय कोण मे रसोईघर – दक्षिण-पूर्व दिशा :आग्नेय कोण में रसोई घर बनाना सबसे अच्छा मान गया है। इस स्थान में रसोई होने से घर में धन-धान्य की वृद्धि होती है। घर के सदस्य स्वस्थ्य जीवन व्यतीत … Read more