वैद्यनाथ ज्योतिर्लिंग – 12 शिव ज्योतिर्लिंगों में नवम की दिव्य गाथा

जिस स्थान पर स्वयं भगवान शिव ने अपने भक्त की भक्ति से प्रसन्न होकर साक्षात वैद्य (चिकित्सक) रूप धारण किया, जहाँ शिव ने जीवनदायिनी कृपा बरसाई और अमरत्व का वरदान दिया — वही है वैद्यनाथ ज्योतिर्लिंग, जिसे 12 शिव ज्योतिर्लिंगों में नवम स्थान प्राप्त है। यह स्थल भक्तों के लिए रोगों से मुक्ति, भक्ति की … Read more

करेले के ये 5 फायदे

करेला खाने में भले ही कड़वा लगे लेकिन यह कई रोगों के लिए दवा का काम करता है. इसके ये 5 फायदे जानेंगे तो हैरान रह जाएंगे… करेला खाने में भले ही कड़वा होता है लेकिन इसके फायदे आपको हैरान कर देंगे. करेला कई रोगों को दूर करने में सहायक होता है जानते हैं इसके … Read more

चिकित्सा ज्योतिष में ग्रहों के कारक तत्व

जैसे भचक्र की भिन्न-भिन्न राशियों तथा नक्षत्रों का अधिकार क्षेत्र शरीर के विभिन्न अंगों पर है, ठीक उसी प्रकार भिन्न-भिन्न ग्रह भी शरीर के विभिन अंगों से संबंधित है. इसके अतिरिक्त कुछ रोग, ग्रह अथवा नक्षत्र की स्वाभाविक प्रकृति के अनुसार जातक को कष्ट देते हैं. अत: भावों, राशियों, नक्षत्रों तथा ग्रहों एवं विशिष्ट समय … Read more

नागेश्वर ज्योतिर्लिंग – 12 शिव ज्योतिर्लिंगों में दशम की दिव्य गाथा

गुजरात की पावन धरती पर, समुद्र की लहरों से गूंजती हुई दिव्यता के बीच स्थित है एक ऐसा तीर्थ, जहाँ भगवान शिव ‘नागों के अधिपति‘ रूप में स्वयं विराजमान हैं। यह है नागेश्वर ज्योतिर्लिंग, जिसे 12 शिव ज्योतिर्लिंगों में दशम स्थान प्राप्त है। यह स्थल शिवभक्तों के लिए भय, बंधन, और नकारात्मकता से मुक्ति का … Read more

सूरजमुखी के फायदे और नुकसान

सूरजमुखी के बीज विटामिन ई में समृद्ध होते हैं। ये बीज एंटीऑक्सिडेंट हैं जो मानव शरीर के भीतर मुक्त कणों को फैलने से रोकते हैं। ये मुक्त कण सेलुलर नुकसान और रोगों को बढ़ावा दे सकते हैं। सूरजमुखी के बीज विटामिन ई का प्राकृतिक स्रोत होते हैं। सूरजमुखी के बीज हृदय रोगों और मधुमेहके जोखिम … Read more

30 वर्षों बाद सावन में बना दुर्लभ केंद्र-त्रिकोण राजयोग – इन राशियों पर बरसेगा अप्रत्याशित धन और सौभाग्य 

वर्ष 2025 का सावन काल खगोलीय दृष्टि से अत्यंत विशेष बन गया है। 13 जुलाई को जब शनि देव मीन राशि में वक्री होंगे, तो एक अद्भुत और दुर्लभ योग का निर्माण होगा — केंद्र-त्रिकोण राजयोग। वैदिक ज्योतिष के अनुसार, यह योग तभी बनता है जब केंद्र (प्रथम, चतुर्थ, सप्तम, दशम भाव) और त्रिकोण (प्रथम, … Read more

चिकित्सा ज्योतिष : सभी रोग और व्याधि को जान लेने का अचूक माध्यम

ज्योतिष की एक शाखा चिकित्सा शास्त्र से संबंधित होती है. चिकित्सा का संबंध केवल चरक एवं आयुर्वेद से ही जुड़ा नहीं है अपितु यह ज्योतिष में कई योगों से भी संबंधित रहा है. ज्योतिष में रोग बिमारी, दुर्घटना प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले रोग सभी कुछ स्थान पाते हैं. छोटे से छोटा रोग हो या … Read more

रामेश्वरम ज्योतिर्लिंग – 12 शिव ज्योतिर्लिंगों में एकादश की दिव्य गाथा

हिंदू धर्म की गहराइयों में जब हम ईश्वर की भक्ति, कर्तव्य और करुणा की बात करते हैं, तो भगवान श्रीराम का नाम foremost आता है। पर जब वही श्रीराम, शिव की भक्ति में लीन होकर स्वयं लिंग की स्थापना करें — तब वह स्थान केवल एक तीर्थ नहीं, बल्कि मोक्षदायिनी ऊर्जा का संगम बन जाता … Read more

सुआ के फायदे और नुकसान

डिल के बीज को हिंदी में सुआ (Sowa) या सूप (Soop) कहा जाता है। इसे अंग्रेजी में डिल सीड्स (Dill seeds) कहते हैं। नियमित रूप पके हुए डिल का सेवन पाचन तंत्र में सुधार करने में मदद करता है। यह कब्ज जैसी गंभीर स्थिति में मदद करता है। शिशुओं को एक से दो चम्मच ताजा डिल के पत्ते … Read more

छठे भाव या बारहवें भाव में बना धन योग

ज्योतिष के अनुसार शुभ या अशुभ ग्रहों के विशेष योग से एक प्रकार की युति बनती है जिसे योग कहते हैं. यह योग कई तरह से देखने को मिलते हैं इसमें योग कई प्रकार के होते हैं. कुछ योग शुभ होते हैं तो कुछ अशुभ तो कई बार शुभ अशुभ योग भी एक ही साथ … Read more