ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग – 12 शिव ज्योतिर्लिंगों में चतुर्थ की दिव्य गाथा
“ॐ नमः शिवाय” – यह महामंत्र केवल शब्दों की श्रृंखला नहीं, बल्कि ब्रह्मांड की अनादि अनंत ध्वनि है, जिसकी गूंज में सृष्टि की उत्पत्ति, पालन और संहार समाहित है। इस ॐ (ओंकार) की सजीव उपस्थिति जब शिवलिंग के रूप में धारण होती है, तब वह कहलाता है – ओंकारेश्वर। यही वह पावन ज्योतिर्लिंग है, जो … Read more