गुरुवार व्रत कथा – हिन्दू पंचांग ब्लॉग
प्राचीनकाल में एक बहुत ही निर्धन ब्राहमण था । उसके कोई संन्तान न थी । वह नित्य पूजा-पाठ करता, उसकी स्त्री न स्नान करती और न किसी देवता का पूजन करती । इस कारण ब्राहमण देवता बहुत दुखी रहते थे अपनी पत्नी को बहुत समझाते किंतु उसका कोई परिणाम न निकलता। भगवान की कृपा से … Read more