योगिनी दशा फल – सिद्धा

आठ प्रकार की होती हैं योगिनी दशा, जीवन को करती हैं प्रभावित तंत्र शास्त्र में 64 योगिनियों का उल्लेख मिलता है। इनमें से प्रमुख अष्ट योगिनियों का तंत्र शास्त्र में विशेष महत्व बताया गया है जिनकी उपासना अष्ट भैरवों के साथ की जाती है। ज्योतिष में जिस तरह 120 वर्ष की विंशोत्तरी दशा होती है, … Read more

वास्तु के अनुसार कलर स्कीम सिलेक्शन, जाने अलग अलग रंग का महत्व

आपके जीवन में हमेशा ख़ुशियां शामिल हों| सुख-संपत्ति और स्वास्थ्य प्राप्त हो, इसके लिए ज़रूरी है घर को वास्तु शास्त्र से सजाना… कलर स्कीम वास्तु के सिद्धांतों के अनुसार तय करना आसमानी रंग का इस्तेमाल मकान के उत्तर दिशा में करना चाहिए लाल रंग का इस्तेमाल घर के दक्षिणी या दक्षिण-पूर्वी हिस्से में … Read more

10 दुर्लभ परंपराएं जो आज भी आधुनिक भारत में प्रचलित हैं

भारत, दुनिया की सबसे पुरानी और शहरी सभ्यता अर्थात सिंधु घाटी सभ्यता का देश है। इसलिए, प्राचीन काल से लेकर आधुनिक भारत तक भारतीय समाज में विभिन्न संप्रदायों, रीति-रिवाजों, अनुष्ठानों और संप्रदायों का उद्भव एवं रूपांतरण होता रहा है। इनमें से कई संप्रदायों और रिवाजों का आधार धार्मिक और सामाजिक था. आज के वैज्ञानिक युग … Read more

योगिनी दशा फल – उल्का

आठ प्रकार की होती हैं योगिनी दशा, जीवन को करती हैं प्रभावित तंत्र शास्त्र में 64 योगिनियों का उल्लेख मिलता है। इनमें से प्रमुख अष्ट योगिनियों का तंत्र शास्त्र में विशेष महत्व बताया गया है जिनकी उपासना अष्ट भैरवों के साथ की जाती है। ज्योतिष में जिस तरह 120 वर्ष की विंशोत्तरी दशा होती है, … Read more

ऐसा होना चाहिए ब्यूटी पार्लर, कहां लगाया जाए आइना

ब्यूटीपार्लर का व्यापार आजकल काफी पॉपुलर है। अगर आप भी ये व्यापार करना चाहते है तो अगर सही जगह पर होते हुए आपका पार्लर नहीं चल रहा है तो इसके पीछे वास्तु दोष एक प्रमुख कारण हो सकता है। ब्यूटीपार्लर का व्यापार आजकल काफी पॉपुलर है। अगर आप भी ये व्यापार करना चाहते है तो … Read more

पौराणिक कहानियां-अर्जुन और उर्वशी कथा

पाण्डव वनवास का जीवन व्यतीत कर रहे थे। भगवान व्यास की प्रेरणा से अर्जुन अपने भाइयों की आज्ञा लेकर तपस्या करने गए। तप करके उन्होंने भगवान शंकर को प्रसन्न किया, आशुतोष ने उन्हें अपना पाशुपतास्त्र प्रदान किया। इसके अनन्तर देवराज इन्द्र अपने रथ में बैठाकर अर्जुन को स्वर्गलोक ले गए। इन्द्र ने तथा अन्य लोकपालों … Read more

इस दिशा में रखें अलमारी, गहने और जमीन के कागज

दक्षिण-पश्चिम दिशा का कोना नैऋत्य कहलाता है। वास्तु शास्त्र के अनुसार इसका विस्तार 202.5 अंशों से 247.5 अंशों तक होता है। यह दिशा घर की महत्वपूर्ण दिशा होती है‌। यह मुख्य रूप से ग्रह स्वामी की दिशा होती है। जब तक गृह स्वामी की मन:स्थिति मजबूत एवं दृढ नहीं होगी, उसकी नेतृत्व क्षमता और उत्तम … Read more

योगिनी दशा फल – भद्रिका

आठ प्रकार की होती हैं योगिनी दशा, जीवन को करती हैं प्रभावित तंत्र शास्त्र में 64 योगिनियों का उल्लेख मिलता है। इनमें से प्रमुख अष्ट योगिनियों का तंत्र शास्त्र में विशेष महत्व बताया गया है जिनकी उपासना अष्ट भैरवों के साथ की जाती है। ज्योतिष में जिस तरह 120 वर्ष की विंशोत्तरी दशा होती है, … Read more

3 कारण जिसके चलते शनिदेव नहीं डालते हनुमान भक्तों पर नजर

जिसे लगाता है कि उसको शनि या अन्य किसी ग्रह की बाधा है, साढ़े साती, अढ़ाय्या या राहु की महादशा चल रहा है तो घबराने की जरूरत नहीं। जिन पर हनुमानजी की कृपा होती है, उसका शनि और यमराज भी बाल बांका नहीं कर सकते। आप प्रति मंगलवार हनुमान मंदिर जाएं और शराब व मांस … Read more

ऐसी जमीन पर है आपका घर तो नहीं होगी धन की कमी

ऐसी जमीन पर है आपका घर तो नहीं होगी धन की कमीअगर आप दिन रात मेहनत करते है और फिर भी आपके घर पैसे नहीं टिकते तो समझ लीजिए इसका कारण आपकी जमीन भी हो सकती है। वास्तुशास्त्र के अनुसार जिस जमीन पर आपका घर है या आपका व्यवसाय है अगर वह जमीन दोषपूर्ण है … Read more