भौम (मंगल) प्रदोष व्रत कथा, पूजा विधि, उद्यापन विधि

भौम (मंगल) प्रदोष व्रत –जो प्रदोष व्रत मंगलवार के दिन पड़ता है वो भौम प्रदोष व्रत या मंगल प्रदोष व्रत कहलाता है। इस व्रत को रखने से भक्तों की स्वास्थ्य सम्बन्धी समस्याए दूर होती है और उनके शारीरिक स्वास्थ्य में सुधार आता है। भोम प्रदोष व्रत जीवन में समृद्धि लाता है। भौम प्रदोष व्रत कथा … Read more

बुध प्रदोष व्रत कथा, पूजा विधि, उद्यापन विधि

बुध प्रदोष व्रत –जो प्रदोष व्रत बुधवार के दिन पड़ता है वो बुध प्रदोष व्रत या सौम्यवारा प्रदोष व्रत कहलाता है। इस शुभ दिन पर व्रत रखने से भक्तों की इच्छाएं पूरी होती है और ज्ञान भी प्राप्त होता हैं। बुध प्रदोष व्रत कथा –एक पुरुष का नया-नया विवाह हुआ। विवाह के दो दिनों बाद … Read more

गुरु प्रदोष व्रत कथा, पूजा विधि, उद्यापन विधि

गुरु प्रदोष व्रत –जो प्रदोष व्रत गुरुवार के दिन पड़ता है वो गुरु प्रदोष व्रत कहलाता है। इस उपवास को रख कर भक्त अपने सभी मौजूदा खतरों को समाप्त कर सकते हैं। इसके अलावा गुरुवार प्रदोष व्रत रखने से पूर्वजों का आशीर्वाद मिलता है। गुरु प्रदोष व्रत कथा –एक बार इन्द्र और वृत्रासुर की सेना … Read more

शुक्र प्रदोष व्रत कथा, पूजा विधि, उद्यापन विधि

शुक्र प्रदोष व्रत –जो प्रदोष व्रत शुक्रवार के दिन पड़ता है वो शुक्र प्रदोष या भुगुवारा प्रदोष व्रत कहलाता है। इस व्रत को करने से जीवन से नकारात्मकता समाप्त होती है और सफलता मिलती है। शुक्र प्रदोष व्रत कथा –प्राचीनकाल की बात है, एक नगर में तीन मित्र रहते थे – एक राजकुमार, दूसरा ब्राह्मण … Read more

शनि प्रदोष व्रत कथा, पूजा विधि, उद्यापन विधि

शनि प्रदोष व्रत –जो प्रदोष व्रत शनिवार के दिन पड़ता है वो शनि प्रदोष व्रत कहलाता है। शनि प्रदोष व्रत सभी प्रदोष व्रतों में सबसे महत्वपूर्ण माना जाता है। जो व्यक्ति इस दिन व्रत रखता है वह खोये हुए धन की प्राप्ति करता है और जीवन में सफलता प्राप्त करता है। शनि प्रदोष व्रत कथा … Read more

रवि प्रदोष व्रत कथा, पूजा विधि, उद्यापन विधि

रवि प्रदोष व्रत –जो प्रदोष व्रत रविवार के दिन पड़ता है वो रवि प्रदोष व्रत या भानु वारा प्रदोष व्रत कहलाता है। इस प्रदोष व्रत का लाभ यह है कि भक्त इस दिन उपवास को रखकर दीर्घायु और शांति प्राप्त कर सकते है। रवि प्रदोष व्रत कथा –एक ग्राम में एक दीन-हीन ब्राह्मण रहता था। … Read more

कामदेव ने ही लिया था भगवान श्रीकृष्ण के पुत्र प्रद्युम्न के रूप में जन्म

भगवान शंकर के शाप से जब कामदेव भस्म हो गया तो उसकी पत्नी रति अति व्याकुल होकर पति वियोग में उन्मत्त सी हो गई। उसने अपने पति की पुनः प्राप्ति के लिये देवी पार्वती और भगवान शंकर को तपस्या करके प्रसन्न किया। पार्वती जी ने उन्हें आशीर्वाद दिया कि तेरा पति यदुकुल में भगवान श्रीकृष्ण … Read more

महाभारत युद्ध में कौरवों और पांडवों ने कब-कब छल से किया योद्धाओं का वध

कौरवों और पांडवों ने मिलकर महाभारत युद्ध के लिए कुछ नियम बनाए थे जिनका दोनों ही पक्षों को पालन करना था। युद्ध शुरू होने से कुछ दिनों बाद तक तो इन नियमों का पालन किया गया, लेकिन बाद में इन नियमों को कई बार तोड़ा गया और छल का सहारा लेकर योद्धाओं को मारा गया। … Read more

कामदेव ने लिया था भगवान श्रीकृष्ण के पुत्र प्रद्युम्न के रूप में जन्म

कामदेव सौंदर्य और कल्याण के देवता माने जाते हैं। कामदेव की पत्नी का नाम रति है। प्रेम और सौंदर्य की प्राप्ति के लिए इनकी आराधना खासतौर से की जाती है। कामदेव वह देवता हैं, जिन्होंने भगवान शिव को भी समाधि से विचलित कर दिया था। कामदेव का एक नाम अनंग यानी बिना अंग … Read more

पंचमुखी हनुमान की कहानी – हिन्दू पंचांग ब्लॉग

लंका में महा बलशाली मेघनाद के साथ बड़ा ही भीषण युद्ध चला. अंतत: मेघनाद मारा गया। रावण जो अब तक मद में चूर था राम सेना, खास तौर पर लक्ष्मण का पराक्रम सुनकर थोड़ा तनाव में आया।रावण को कुछ दुःखी देखकर रावण की मां कैकसी ने उसके पाताल में बसे दो भाइयों अहिरावण और महिरावण … Read more