मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान् श्री राम

मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान् श्री राम –रामचन्द्र भगवान विष्णु के अवतार हैं, और इन्हें राम और श्रीरामचन्द्र के नामों से भी जाना जाता है। रामायण में वर्णन के अनुसार चक्रवर्ती सम्राट राजा दशरथ की पत्नी को पुत्र उत्पन्न नहीं हो रहा था तो श्रृंगी ऋषि द्वारा प्रसाद स्वरूप खीर को खाने से पुत्र रत्न की प्राप्ति … Read more

सप्तर्षि – परिचय – हिन्दू पंचांग ब्लॉग

सप्तर्षि – परिचय –हिन्दू धर्म में सप्तर्षि वो सात सर्वोच्च ऋषि हैं जो ब्रह्मा के मानस पुत्र कहलाते हैं। कथाओं के अनुसार जब परमपिता ब्रह्मा ने इस सृष्टि की रचना की तब उन्होंने विश्व में ज्ञान के प्रसार के लिए अपने शरीर से ७ ऋषियों को प्रकट किया और उन्हें वेदों का ज्ञान देकर उस … Read more

जब महर्षि भृगु ने त्रिदेवों की परीक्षा ली

बहुत काल के बाद महान ऋषियों द्वारा पृथ्वी पर एक महान यज्ञ किया गया। तब उस समय प्रश्न उठा कि इसका पुण्यफल त्रिदेवों में सर्वप्रथम किसे प्रदान किया जाये। तब महर्षि अंगिरा ने सुझाव दिया कि इन तीनों में जो कोई भी “त्रिगुणातीत”, अर्थात सत, राज और तम गुणों के अधीन ना हो उसे ही … Read more

भगवान शिव के अवतार – हिन्दू पंचांग ब्लॉग

भगवान शिव के अवतार –भगवान विष्णु के अवतार के बारे में तो सभी जानते हैं लेकिन भगवान शिव के अवतारों के बारे में बहुत कम लोग जानते होंगे। भगवान विष्णु के अवतारों के बारे में विस्तार से यहाँ पड़ें। आज हम आपको भगवान शिव के अवतारों के बारे में बताते हैं। … Read more

भगवान श्री विष्णु के दशावतार

दशावतार –हिन्दू धर्म में अवतारों की बड़ी महत्ता है। वैसे तो कई देवताओं ने अवतार लिए किन्तु भगवान विष्णु के अवतार का महत्त्व सबसे अधिक माना जाता है। भगवान शिव के भी कई अवतार हैं किन्तु उनके लिए ज्योतिर्लिंगों को अवतार पर प्रधानता दी जाती है। भगवान विष्णु के दस अवतारों में पहले … Read more

।। जय ब्रह्मदेव ।। – हिन्दू पंचांग ब्लॉग

ब्रह्मा हिन्दू धर्म के त्रिदेवों में से एक हैं। ये सृष्टिकर्ता हैं जो पालनहार नारायण एवं संहारक शिव के साथ त्रिमूर्ति को पूर्ण करते हैं। इन्हे हिरण्यगर्भ कहा जाता है क्यूँकि इनकी उत्पत्ति ब्रम्ह-अण्ड (ब्रम्हांड) से मानी जाती है। समस्त सृष्टि का सृजन करने के लिए इन्हे परमपिता भी कहा जाता है। ये त्रिदेवों में … Read more

जब स्वर्ग के राजा बने नहुष को बनना पड़ा अजगर

कहानी श्रीमद् भागवत की है। महाभारत में भी इसका उल्लेख मिलता है। जब मनु के वंश की चौथी-पांचवी पीढ़ी ही थी। स्वर्ग में इंद्र का राज्य था। एक बार दुर्वासा ऋषि के अपमान के कारण इंद्र को उनके शाप का भागी बनना पड़ा। दुर्वासा ऋषि के शाप के कारण इंद्र बल … Read more

।। जय ब्रह्मदेव ।। – हिन्दू पंचांग ब्लॉग

ब्रह्मा हिन्दू धर्म के त्रिदेवों में से एक हैं। ये सृष्टिकर्ता हैं जो पालनहार नारायण एवं संहारक शिव के साथ त्रिमूर्ति को पूर्ण करते हैं। इन्हे हिरण्यगर्भ कहा जाता है क्यूँकि इनकी उत्पत्ति ब्रम्ह-अण्ड (ब्रम्हांड) से मानी जाती है। समस्त सृष्टि का सृजन करने के लिए इन्हे परमपिता भी कहा जाता है। ये त्रिदेवों में … Read more

जब हनुमान जी हारे एक तपस्वी से

श्रीराम के परम भक्त हनुमान जी को वीरों के वीर महावीर कहा जाता है। जिन्होंने अपने प्रभु राम की रक्षा करने के लिए बहुत से युद्ध किए और जीते। शास्त्रों में इन्हें संकटमोटन कहा जाता है क्योंकि ये अपने भक्तों को हर संकट से उबारते हैं। रामायण महाकाव्य में महर्षि वाल्मीकि ने राम चंद्र और … Read more

जब कौरवों ने पांडवों को जलाकर मारने की रची साज़िश

दैवयोग तथा शकुनि के छल कपट से कौरवों और पाण्डवों में वैर की आग प्रज्वलित हो उठी। दुर्योधन बड़ी खोटी बुद्धि का मनुष्य था। उसने शकुनि के कहने पर पाण्ड्वो को बचपन मे कई बार मारने का प्रयत्न किया। युवावस्था मे आकर जब गुणो मे उससे अधिक श्रेष्ठ युधिष्ठर को युवराज … Read more