अश्लेषा नक्षत्र ज्योतिष रहस्य – हिन्दू पंचांग ब्लॉग

आज की हमारी चर्चा का अश्लेषा नक्षत्र है। यह आकाश मण्डल में मौजूद नौवां नक्षत्र है जो १०६.४० डिग्री से लेकर १२० डिग्री तक गति करता है। अश्लेषा नक्षत्र को अहि, भुजंग और सर्पनाम से भी जाना जाता है। अश्लेषा नक्षत्र के स्वामी बुद्धदेव, नक्षत्र देव सर्प और राशि स्वामी चंद्र तथा सूर्य देव हैं। … Read more

अच्छी सेहत के लिए सुबह की शुरुआत करें इन तीन प्राकृतिक चीजों से – जरूर जानें

स्वस्थ जीवनशैली की शुरुआत एक सकारात्मक और संतुलित सुबह से होती है। आज के समय में, विशेषकर कोरोना काल के बाद, हर व्यक्ति अपने स्वास्थ्य को लेकर अधिक सतर्क और जागरूक हो गया है। अच्छी सेहत बनाए रखने के लिए केवल संतुलित आहार ही नहीं, बल्कि दिन की शुरुआत सही चीजों से करना भी आवश्यक … Read more

Full Moon In Gemini – Trusting The Journey

On December 4th or 5th, 2025 (depending on where you are on the globe), we have a Full Moon at 13° Gemini. This Full Moon is square the Lunar Nodes, bringing us to a crossroads. Our mind finally catches up with our soul’s direction, as we get a clearer understanding of what our hero’s – … Read more

वक्री बृहस्पति 4 दिसंबर 2025 को मिथुन राशि में गोचर करेंगे

4 दिसंबर 2025 को देवगुरु बृहस्पति वक्री अवस्था में मिथुन राशि में प्रवेश करेंगे। जुपिटर का मिथुन में गोचर ज्ञान, संचार, व्यापार, बुद्धिमत्ता, लेखन, तर्कशक्ति और मानसिक चपलता पर विशेष प्रभाव डालता है। जब वही बृहस्पति वक्री होकर इस राशि में प्रवेश करता है, तब यह समय गहरी समीक्षा, सूक्ष्म विश्लेषण, पुराने अवसरों की वापसी … Read more

बुध देव वृश्चिक राशि में मार्गी – 12 राशियों पर बुध मार्गी का प्रभाव 

29 नवंबर 2025, रात 10 बजकर 33 मिनट पर बुध ग्रह वृश्चिक राशि में मार्गी होने जा रहे हैं। यह परिवर्तन महत्वपूर्ण इसलिए है क्योंकि बुध की वक्री अवस्था से उत्पन्न भ्रम, गलतफहमियाँ, संचार बाधाएँ, व्यापारिक देरी, और मानसिक अस्थिरता समाप्त होंगी। मार्गी बुध निर्णय क्षमता, विश्लेषण कौशल, व्यापारिक बुद्धि, संवाद कौशल और आर्थिक सुधार … Read more

पत्नी और बहू को लक्ष्मी स्वरूप तथा दामाद को विष्णु स्वरूप क्यों माना जाता है?

भारतीय संस्कृति में जब कोई नई बहू घर में प्रवेश करती है, तो प्रायः लोग कहते हैं कि “घर में लक्ष्मी का आगमन हुआ है।” यही नहीं, जब किसी परिवार की उन्नति होती है, तो यह भी कहा जाता है कि उस घर की स्त्री लक्ष्मी स्वरूपा है, जिसके चरण पड़ते ही धन-संपत्ति और समृद्धि … Read more

जानिए मंगल रत्न के बारे में

रत्न धारण करने से पूर्व इस तथ्य की जांच परम आवश्यक है की जिस गृह से संबंधित रत्न आप धारण करने जा रहे हैं वह गृह जन्मपत्री में किस अवस्था में है। यदि वह गृह मारक हो अथवा अशुभ भावस्थ हो यानी चराशि में जाकर स्थित हो गया हो तो ऐसी स्थिति में कोई भी … Read more

अनार के छिलके के फायदे – जानिए इससे मिलने वाले जबरदस्त लाभ

हम सभी अपने शरीर को स्वस्थ रखने के लिए तरह-तरह की कोशिश करते हैं — अच्छा खाना, एक्सरसाइज़, घरेलू उपाय आदि। लेकिन कई बार हम फल-सब्ज़ियों के उन हिस्सों को फेंक देते हैं जो हमारे शरीर के लिए औषधि समान हो सकते हैं।अनार के छिलके ऐसे ही एक उदाहरण हैं, जिन्हें हम अक्सर बेकार समझकर … Read more

बुध और इला के पुत्र पुरुरवा और स्वर्ग की अप्सरा उर्वशी का प्रेम: भागवत कथा

भागवत कथा की श्रृंखला को आगे बढ़ाते हुए आज मैं आपको बुध और इला के पुत्र पुरुरवा तथा भगवान नर-नारायण के उरू से उत्पन्न स्वर्ग की अप्सरा उर्वशी की प्रेम कथा सुनाता हूँ। उर्वशी की जन्म कथा मैंने हाल ही में साझा की थी। भागवत के अनुसार, बुध और इला के संयोग से पुत्र पुरुरवा … Read more